ऑपरेशन शंखनाद के तहत धरमजयगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 14 गौवंश तस्करों के चंगुल से मुक्त
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रायगढ़, छत्तीसगढ़
By ACGN 7647981711, 9303948009
संवाददाता :- संजय जेठवानी
क्रूरतापूर्वक बूचड़खाने ले जा रहे दो आरोपी गिरफ्तार, पशु क्रूरता अधिनियम के तहत कार्रवाई
रायगढ़ ACGN:- जिले में गौवंश तस्करी और पशुओं के प्रति क्रूरता पर रोक लगाने के लिए चलाए जा रहे ऑपरेशन शंखनाद के तहत रायगढ़ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 14 गौवंशों को तस्करों के कब्जे से मुक्त कराया है। धरमजयगढ़ पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में जिलेभर में अवैध रूप से गौवंश परिवहन करने वालों और पशुओं के साथ क्रूरता करने वाले लोगों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। इसी अभियान के दौरान 20 जून 2026 को थाना धरमजयगढ़ पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि ग्राम भंडारीमुड़ा के पास दो व्यक्ति बड़ी संख्या में गौवंशों को हांकते-पीटते हुए बूचड़खाने में बिक्री के लिए ले जा रहे हैं।
सूचना मिलते ही थाना प्रभारी धरमजयगढ़ निरीक्षक राजेश जांगड़े ने सहायक उप निरीक्षक मंजु मिश्रा एवं पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस टीम ने मौके से 7 जोड़ी कुल 14 बैलों को लेकर जा रहे दो व्यक्तियों को पकड़ा।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान सियाराम राठिया पिता स्वर्गीय करमू राठिया उम्र 50 वर्ष निवासी धौराभांठा चौकी रैरूमा थाना धरमजयगढ़ और बलराम उरांव पिता स्वर्गीय सुखराम उरांव उम्र 45 वर्ष निवासी धौराभांठा बरपाली चौकी रैरूमा थाना धरमजयगढ़ के रूप में हुई।
पुलिस ने जब दोनों आरोपियों से गौवंशों के संबंध में खरीदी-बिक्री और परिवहन से जुड़े दस्तावेज मांगे तो वे कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके। पूछताछ में मवेशियों को बूचड़खाने में बिक्री के लिए ले जाना सामने आया।
मामले में बिंकल विश्वास पिता सुदीप विश्वास निवासी धरमजयगढ़ कॉलोनी की शिकायत पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषिक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 तथा पशुओं के प्रति क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11 के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की।
विवेचना के दौरान आरोपियों के मेमोरेंडम कथन के आधार पर 14 गौवंशों को जब्त किया गया। पुलिस ने सभी मवेशियों का पशु चिकित्सक से स्वास्थ्य परीक्षण भी कराया है। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि ऑपरेशन शंखनाद के माध्यम से रायगढ़ पुलिस गौवंश तस्करी और पशुओं के प्रति क्रूरता के मामलों पर लगातार कार्रवाई कर रही है। गौवंशों को अवैध रूप से परिवहन कर बूचड़खानों तक पहुंचाने वालों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने आम नागरिकों से अपील की है कि इस तरह की गतिविधियों की जानकारी तत्काल पुलिस को दें, ताकि समय रहते पशुओं को सुरक्षित बचाया जा सके।
इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी धरमजयगढ़ निरीक्षक राजेश जांगड़े, सहायक उप निरीक्षक मंजु मिश्रा और थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
प्रदीप मिश्रा
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