कबाड़ से संवरा जशपुर का इको पार्क, बना नवाचार और पर्यावरण संरक्षण की नई मिसाल
|
😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊
|
जशपुर, छत्तीसगढ़
By ACGN 7647981711, 9303948009
पुराने टायर और लोहे के कबाड़ से तैयार हुई आकर्षक कलाकृतियां, लोगों के लिए बना पसंदीदा पर्यटन स्थल
जशपुर ACGN:- छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में “वेस्ट टू बेस्ट” की सोच को साकार करता दुलदुला का इको पार्क आज पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बना हुआ है। अनुपयोगी और बेकार समझी जाने वाली वस्तुओं को नया स्वरूप देकर तैयार किया गया यह पार्क न केवल स्वच्छता और नवाचार का बेहतरीन उदाहरण है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करने का भी काम कर रहा है। दुलदुला जनपद पंचायत के समीप विकसित यह इको पार्क अब स्थानीय लोगों और पर्यटकों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बन गया है।

इस पार्क की सबसे खास बात यह है कि इसका निर्माण कबाड़ सामग्री से किया गया है। पुराने टायर, लोहे के जंग लगे हिस्से और अन्य अनुपयोगी वस्तुओं का उपयोग कर यहां सुंदर और आकर्षक कलाकृतियां बनाई गई हैं। लोहे के बेकार पार्ट्स से घोड़ा, मयूर और तितली जैसी आकृतियों को जीवंत रूप दिया गया है, जबकि पुराने टायरों को रंग-बिरंगे झूलों और बैठने की जगहों में बदल दिया गया है। बच्चों के लिए तैयार किए गए ये झूले खास आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।

इको पार्क को केवल सजावटी स्थल नहीं बल्कि एक सामुदायिक केंद्र के रूप में विकसित किया गया है। यहां युवाओं और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक लोगों के लिए आधुनिक ओपन जिम की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। बच्चों के मनोरंजन के लिए विभिन्न खेल सामग्री और झूलों की व्यवस्था की गई है। शाम के समय यह पार्क परिवारों और स्थानीय नागरिकों के लिए घूमने और समय बिताने का पसंदीदा स्थान बन चुका है।

हाल ही में जिला प्रशासन द्वारा पार्क का निरीक्षण किया गया, जहां अधिकारियों ने कबाड़ के रचनात्मक उपयोग और पार्क की खूबसूरती की सराहना की। प्रशासन ने परिसर में बड़े स्तर पर पौधरोपण कर इसे और अधिक हराभरा बनाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही नियमित साफ-सफाई और सौंदर्यीकरण पर विशेष ध्यान देने की बात कही गई है, ताकि लोगों को बेहतर वातावरण मिल सके।

स्थानीय लोगों और विशेषज्ञों का मानना है कि दुलदुला का यह इको पार्क प्रदेश के अन्य विकासखंडों के लिए प्रेरणा का केंद्र बन सकता है। कम लागत और रचनात्मक सोच के जरिए पर्यावरण संरक्षण तथा जनसुविधाओं का ऐसा बेहतर समन्वय तैयार करना अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। यह पार्क समाज को यह संदेश भी दे रहा है कि बेकार समझी जाने वाली चीजों का सही उपयोग कर पर्यावरण को बचाने के साथ सुंदर और उपयोगी संसाधन तैयार किए जा सकते हैं।
प्रदीप मिश्रा
निष्पक्ष, निर्भीक और सच्ची खबरों तथा जनहित के प्रति समर्पित पत्रकारिता के साथ देश में तेजी से बढ़ता विश्वसनीय वेब पोर्टल
अंजोर छत्तीसगढ़ न्यूज़
|
Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें |
Advertising Space






