बेगुनाह आदिवासी बंदियों की रिहाई पर परिषद सक्रिय, मई से न्यायिक प्रक्रिया शुरू करने की घोषणा, शीघ्र ही सामाजिक वेबसाइट होगी लॉन्च
|
😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊
|
कोरबा, छत्तीसगढ़
By ACGN 7647981711, 9303948009
प्रदेश अध्यक्ष के. आर. शाह बोले—दंतेवाड़ा और कांकेर जेलों में सैकड़ों विचाराधीन आदिवासी, कानूनी समीक्षा जारी, 10 मई को वेबसाइट लॉन्च से जुड़ेगा समाज
कोरबा प्रेस क्लब में आयोजित छत्तीसगढ़ आदिवासी विकास परिषद की महत्वपूर्ण प्रेस वार्ता में परिषद के प्रदेश अध्यक्ष के. आर. शाह ने विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि परिषद द्वारा घोषित छह सूत्रीय कार्यक्रम के तहत एजेंडा क्रमांक 01 बेगुनाह आदिवासी विचाराधीन बंदियों की रिहाई को प्राथमिकता में रखा गया है और इस दिशा में ठोस पहल शुरू कर दी गई है। उन्होंने कहा कि परिषद को प्राप्त जानकारी के अनुसार दंतेवाड़ा जिला जेल में वर्तमान में 520 आदिवासी विचाराधीन बंदी हैं, जिनमें वर्ष 2016 से लेकर मार्च 2026 तक के कैदी शामिल हैं।
इसी प्रकार कांकेर जेल की स्थिति का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि वहां 152 पुरुष और 159 महिला आदिवासी बंदी विचाराधीन अवस्था में हैं, जो वर्ष 2020 से लेकर मार्च 2026 तक से जेल में निरुद्ध हैं।
उन्होंने स्पष्ट किया कि परिषद के विधि सलाहकार इन सभी मामलों की गहन कानूनी समीक्षा कर रहे हैं और सबसे पहले दंतेवाड़ा जिला जेल के बंदियों की रिहाई के लिए मई 2026 से न्यायालयीन प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी।
प्रदेश अध्यक्ष शाह ने बताया कि परिषद द्वारा सूचना के अधिकार के तहत विचाराधीन बंदियों की जानकारी मांगी गई थी, लेकिन निर्धारित फॉर्मेट में जानकारी उपलब्ध नहीं होने के कारण पूर्ण विवरण प्राप्त नहीं हो सका।
उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में उप जेल सहित लगभग 33 जेलें हैं और सभी में अलग-अलग नियम व प्रक्रियाएं लागू हैं, जिससे एक समान जानकारी जुटाने में कठिनाई आ रही है। फिर भी दंतेवाड़ा जिले से सर्वाधिक और विस्तृत जानकारी परिषद को प्राप्त हुई है।

उन्होंने आगे जानकारी दी कि आगामी 10 मई को अंबिकापुर में आयोजित संभाग स्तरीय आदिवासी सामाजिक सम्मेलन में छत्तीसगढ़ आदिवासी विकास परिषद की आधिकारिक वेबसाइट का शुभारंभ किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह वेबसाइट आदिवासी समाज के लिए सूचना क्रांति का एक महत्वपूर्ण माध्यम बनेगी, जिसमें राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर की जानकारियां उपलब्ध कराई जाएंगी और यह समाज को जोड़ने का एक सशक्त प्लेटफॉर्म साबित होगी।
कोरबा में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन एवं प्रशिक्षण शिविर के संदर्भ में उन्होंने बताया कि परिषद अपने कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित कर उन्हें समाज सेवा के क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए तैयार कर रही है। इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम जिले से लेकर ब्लॉक स्तर तक आयोजित किए जाएंगे, ताकि संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत किया जा सके और समाज के मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाया जा सके।
उन्होंने यह भी कहा कि परिषद की वेबसाइट न केवल सामाजिक जानकारी का केंद्र बनेगी, बल्कि यह तकनीकी ज्ञान और जागरूकता का भी माध्यम होगी, जिससे आदिवासी समाज को राष्ट्रीय और वैश्विक स्तर पर जोड़ने में मदद मिलेगी।
इस प्रेस वार्ता में मुख्य रूप से प्रदेश अध्यक्ष के. आर. शाह, यूथ ट्राइबल्स के आदित्य भगत, वीर साय धनवार, जिला संरक्षक टी एल मरावी, इंजीनियर भूपेंद्र पैकरा, के आर राज एवं ओमप्रकाश प्रधान सहित अन्य पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
प्रदीप मिश्रा
निष्पक्ष, निर्भीक और सच्ची खबरों और जनहित के प्रति समर्पित पत्रकारिता के साथ देश में तेजी से बढ़ता विश्वसनीय वेब पोर्टल अंजोर छत्तीसगढ़ न्यूज़
|
Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें |
Advertising Space
आणखी कथा






