24 घंटे में सुलझे अंधे कत्ल में उम्रकैद, सटीक विवेचना से आरोपी को मिली कड़ी सजा
|
😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊
|
बिलासपुर, छत्तीसगढ़
By ACGN – 7647981711, 9303948009
गवाहों के मुकरने के बावजूद वैज्ञानिक जांच, ई-साक्ष्य और मजबूत विवेचना के आधार पर न्यायालय ने सुनाई आजीवन कारावास की सजा।
बिलासपुर ACGN:- बिलासपुर जिले के बेलगहना चौकी क्षेत्र में वर्ष 2025 में हुए अंधे कत्ल के मामले में न्यायालय ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इस मामले में पुलिस ने हत्या की गुत्थी मात्र 24 घंटे के भीतर सुलझाकर आरोपी को गिरफ्तार किया था। वैज्ञानिक विवेचना, ई-साक्ष्य और नवीन कानून के प्रावधानों का प्रभावी पालन इस प्रकरण में निर्णायक साबित हुआ।
पुलिस के अनुसार चौकी बेलगहना, थाना कोटा में दर्ज अपराध क्रमांक 769/2025 के तहत 4 अगस्त 2025 को पहाड़बछाली निवासी गंगा बाई गंधर्व ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे के बीच छेदीलाल यादव की बृहस्पति बाई के घर में किसी अज्ञात व्यक्ति ने धारदार हथियार से हमला कर हत्या कर दी है। सूचना मिलते ही तत्कालीन वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में विशेष टीम गठित कर फॉरेंसिक विशेषज्ञों की मौजूदगी में घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया और साक्ष्य एकत्र किए गए।
विवेचना के दौरान संदेह के आधार पर यशराज भानु उर्फ छोटा (20 वर्ष), निवासी पहाड़बछाली, चौकी बेलगहना को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में आरोपी ने हत्या करना स्वीकार किया। उसकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त टांगिया बरामद कर विधिवत जब्त किया गया। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर पुलिस ने 5 अगस्त 2025 को आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया था।
मामले की विवेचना तत्कालीन बेलगहना चौकी प्रभारी उप निरीक्षक राज सिंह द्वारा की गई। पुलिस के अनुसार जांच के दौरान नवीन आपराधिक कानूनों के प्रावधानों का पालन करते हुए घटनास्थल की फोटो एवं वीडियो रिकॉर्डिंग सहित ई-साक्ष्यों का संकलन किया गया। यही वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्य न्यायालय में महत्वपूर्ण साबित हुए।
पुलिस ने बताया कि सुनवाई के दौरान कई गवाह अपने पूर्व बयानों से मुकर गए, लेकिन आरोपी के मेमोरेंडम, घटना में प्रयुक्त हथियार की बरामदगी, वैज्ञानिक साक्ष्य तथा विवेचना के दौरान संकलित इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर अभियोजन पक्ष ने अपना पक्ष प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों को पर्याप्त मानते हुए आरोपी को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
इस निर्णय को वैज्ञानिक एवं तकनीकी साक्ष्यों पर आधारित विवेचना की महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है। पुलिस का कहना है कि आधुनिक जांच पद्धति और कानून के प्रावधानों का प्रभावी उपयोग कर गंभीर अपराधों में दोषियों को न्यायालय से सजा दिलाने की दिशा में लगातार प्रयास जारी रहेंगे।
प्रदीप मिश्रा
निष्पक्ष, निर्भीक और सच्ची खबर, हर खबर पर तिरछी नजर और जनहित के प्रति समर्पित पत्रकारिता के साथ देश में तेजी से बढ़ता विश्वसनीय वेब पोर्टल अंजोर छत्तीसगढ़ न्यूज़।
**अपने क्षेत्र के छोटे-बड़े समाचार, घटना, दुर्घटना, भ्रष्टाचार एवं अपनी संस्था के विज्ञापन प्रसारण हेतु संपर्क करें: 7647981711, 9303948009।
|
Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें |
Advertising Space


