नमस्कार 🙏 हमारे न्यूज पोर्टल - मे आपका स्वागत हैं ,यहाँ आपको हमेशा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91 7647981711 ,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें , जनगणना 2027 को लेकर जिले में व्यापक तैयारी, कलेक्टर कुणाल दुदावत ने की लोगों से स्वगणना कर प्रशासन का सहयोग करने की अपील – Anjor Chhattisgarh News

Anjor Chhattisgarh News

सच की तह तक

जनगणना 2027 को लेकर जिले में व्यापक तैयारी, कलेक्टर कुणाल दुदावत ने की लोगों से स्वगणना कर प्रशासन का सहयोग करने की अपील

😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊

कोरबा, छत्तीसगढ़

By ACGN 7647981711, 9303948009

16 अप्रैल से 30 अप्रैल तक स्वगणना की सुविधा, मई में घर घर जाकर होगी मकानों की गणना

कोरबा। भारत की जनगणना 2027 को लेकर जिले में प्रशासनिक तैयारियां तेज कर दी गई हैं। जिला प्रशासन द्वारा आम नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए स्वगणना की प्रक्रिया 16 अप्रैल 2026 से 30 अप्रैल 2026 तक संचालित की जा रही है। इसके लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जा रहा है ताकि अधिक से अधिक लोग स्वेच्छा से अपनी जानकारी दर्ज कर सकें।
जिले में जनगणना कार्य को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए कुल 24 प्रभार क्षेत्र बनाए गए हैं। इनमें 12 तहसीलों में तहसीलदार प्रभार अधिकारी के रूप में नियुक्त किए गए हैं, वहीं 5 नगरीय निकायों में 4 मुख्य नगर पालिका अधिकारी तथा नगर निगम क्षेत्र में 7 जोन अधिकारी इस कार्य की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। जिले में कुल 2073 गणना खंड बनाए गए हैं।


जनगणना कार्य के लिए जिले में 2384 प्रगणक और 423 पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं। इस प्रकार लगभग 3000 कर्मचारियों और अधिकारियों की टीम इस महत्वपूर्ण कार्य को संपन्न करने के लिए तैनात की गई है। जनगणना से जुड़े प्रगणकों और पर्यवेक्षकों का प्रशिक्षण 24 अप्रैल 2026 तक पूर्ण किया जाएगा। इसके बाद 1 मई 2026 से 30 मई 2026 तक घर घर जाकर मकान सूचीकरण और मकानों की गणना का कार्य किया जाएगा। इस दौरान घरों में उपलब्ध सुविधाओं से संबंधित कुल 33 प्रश्न पूछे जाएंगे जिनके माध्यम से महत्वपूर्ण आंकड़े एकत्र किए जाएंगे। ये आंकड़े भविष्य में विकास योजनाओं के निर्माण और संसाधनों के उचित वितरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
प्रशासन ने नागरिकों को स्वगणना की सुविधा भी उपलब्ध कराई है। इसके अंतर्गत कोई भी नागरिक अपने मोबाइल क्रमांक के माध्यम से जनगणना के लिए निर्धारित कड़ी का उपयोग कर अपनी जानकारी स्वयं दर्ज कर सकता है। प्रश्नों का उत्तर भरकर जानकारी जमा करने के बाद एक विशेष पहचान क्रमांक प्राप्त होगा। जब प्रगणक मकान सूचीकरण के दौरान घर पहुंचेंगे तब नागरिक इस पहचान क्रमांक को दिखाकर अपने द्वारा दर्ज जानकारी का सत्यापन करा सकेंगे।


डिजिटल माध्यम से गणना करने पर समय की बचत होगी और सरकार को सटीक एवं गुणवत्तापूर्ण आंकड़े प्राप्त होंगे। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि नागरिकों द्वारा दी गई सभी जानकारियां पूरी तरह गोपनीय रखी जाएंगी और किसी भी प्रकार से उनका दुरुपयोग नहीं किया जाएगा। जनगणना अधिनियम 1948 के अंतर्गत यह पूरी प्रक्रिया गोपनीय रहती है। जानकारी सुरक्षित सर्वर में संरक्षित रहती है और प्रकाशित रिपोर्ट में केवल कुल आंकड़े ही सामने आते हैं। किसी व्यक्ति का नाम या पता सार्वजनिक नहीं किया जाता और इन आंकड़ों का उपयोग कराधान, पुलिस या जांच के लिए नहीं किया जाता।


जनगणना केवल जनसंख्या की संख्या का आकलन नहीं है बल्कि यह देश की सामाजिक और आर्थिक स्थिति को समझने का सबसे विश्वसनीय माध्यम है। जनगणना के माध्यम से आर्थिक गतिविधि, साक्षरता, आवास की स्थिति, शहरीकरण, भाषा, धर्म, प्रजनन क्षमता और दिव्यांगता जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त होती हैं। इन्हीं आंकड़ों के आधार पर जनकल्याणकारी योजनाएं बनाई जाती हैं और संसाधनों का न्यायसंगत वितरण सुनिश्चित किया जाता है।
जनगणना 2027 दो चरणों में संपन्न होगी। पहले चरण में मई 2026 के दौरान मकान सूचीकरण और मकानों की गणना की जाएगी, जिसमें घरों की स्थिति, उपलब्ध सुविधाएं और परिसंपत्तियों की जानकारी एकत्र की जाएगी। दूसरे चरण में फरवरी 2027 के दौरान जनसंख्या की मुख्य गणना की जाएगी, जिसमें प्रत्येक व्यक्ति का व्यक्तिगत विवरण निर्धारित संदर्भ तिथि के आधार पर दर्ज किया जाएगा।
इस जनगणना में डिजिटल माध्यम से आंकड़े संकलित करने के लिए विशेष मोबाइल अनुप्रयोग का उपयोग किया जाएगा। नागरिकों द्वारा दर्ज किए गए आंकड़ों की अंतिम प्रविष्टि से पहले प्रगणकों द्वारा सावधानीपूर्वक जांच भी की जाएगी ताकि जानकारी पूरी तरह सही और प्रमाणित हो सके।

             Self Enumeration (स्व-गणना)

जिला प्रशासन ने कोरबा जिले के नागरिकों से अपील की है कि वे भारत सरकार, गृह मंत्रालय और जनगणना कार्य निदेशालय द्वारा दिये लिंक se.census.gov.in का उपयोग कर स्व-गणना पूर्ण कर सकते है।

प्रक्रियाः कोई भी व्यक्ति अपने मोबाइल नंबर के माध्यम से ऐप पर Sign-In कर सकता है। जनगणना से संबंधित पूछे गए प्रश्नों का उत्तर देकर सबमिट करने पर एक SE ID प्राप्त होगा।

सत्यापनः मकान सूचीकरण की अवधि (01 मई 2026 से 30 मई 2026) के दौरान जब प्रगणक (Enumerator) आपके घर आएंगे, तब उन्हें यह SE ID दिखाकर विवरण सत्यापित कराया जा सकेगा।

लाभः डिजिटल माध्यम से गणना करने पर समय की बचत होगी और सरकार को गुणवत्तापूर्ण एवं सटीक आंकड़े प्राप्त होंगे। प्रशासन द्वारा यह स्पष्ट किया गया है कि व्यक्ति द्वारा दी गई सभी जानकारी पूर्णतः गोपनीय रखी जायेगी।

                   कलेक्टर की विशेष अपील
जिला कलेक्टर कुणाल दादावत ने जिले के नागरिकों से अपील करते हुए कहा है कि सभी लोग स्वगणना की सुविधा का अधिक से अधिक उपयोग करें और प्रशासन का सहयोग करें। उन्होंने कहा कि यदि नागरिक स्वयं अपनी जानकारी दर्ज करेंगे तो प्रगणकों का समय बचेगा और जनगणना की प्रक्रिया अधिक तेज और प्रभावी बनेगी। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि गणना के दौरान पूछे जाने वाले सभी 33 प्रश्नों का सही और स्पष्ट उत्तर दें ताकि जिले और देश के विकास के लिए सटीक आंकड़े उपलब्ध हो सकें।


प्रदीप मिश्रा
निष्पक्ष निर्भीक और सच्ची खबरों और जनहित के प्रति समर्पित पत्रकारिता के साथ देश में तेजी से बढ़ता विश्वसनीय वेब पोर्टल अंजोर छत्तीसगढ़ न्यूज़

Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें 

Advertising Space


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे.

Donate Now