नमस्कार 🙏 हमारे न्यूज पोर्टल - मे आपका स्वागत हैं ,यहाँ आपको हमेशा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91 7647981711 ,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें , बदलते बस्तर का संदेश लेकर दिल्ली रवाना हुआ 164 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से करेगा मुलाकात – Anjor Chhattisgarh News

Anjor Chhattisgarh News

सच की तह तक

बदलते बस्तर का संदेश लेकर दिल्ली रवाना हुआ 164 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से करेगा मुलाकात

😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊

रायपुर, छत्तीसगढ़

By ACGN
संवाददाता :- अनादि पांडेय

परगना मांझी, चालाकी, समाज प्रमुख, बस्तर पंडुम-2026 के जनजातीय कलाकार एवं समाज प्रतिनिधि राष्ट्रपति भवन में बस्तर की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, सामाजिक परंपराओं और विकास की नई तस्वीर प्रस्तुत करेंगे।

रायपुर, 28 जुलाई। छत्तीसगढ़ के बस्तर अंचल की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, सामाजिक परंपराओं, लोक जीवन और बदलते बस्तर की नई पहचान को राष्ट्रीय स्तर पर प्रस्तुत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत बस्तर का 164 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल आज दिल्ली के लिए रवाना हुआ। प्रतिनिधिमंडल में परगना मांझी, चालाकी, समाज प्रमुख, बस्तर पंडुम-2026 के प्रसिद्ध जनजातीय युवा कलाकार, विभिन्न जनजातीय समाजों के प्रतिनिधि तथा बस्तर के पद्मश्री सम्मान प्राप्त व्यक्तित्व शामिल हैं। यह प्रतिनिधिमंडल 30 जुलाई 2026 को राष्ट्रपति भवन में भारत की राष्ट्रपति  से भेंट करेगा और उन्हें बस्तर की गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत, जनजातीय जीवन शैली, लोक परंपराओं, सामाजिक व्यवस्था तथा वर्तमान विकास यात्रा से अवगत कराएगा।
प्रतिनिधिमंडल की यह यात्रा केवल एक औपचारिक मुलाकात नहीं, बल्कि बस्तर की सकारात्मक छवि को पूरे देश के सामने प्रस्तुत करने का एक महत्वपूर्ण अवसर मानी जा रही है। वर्षों तक नक्सल हिंसा के कारण देशभर में जिस बस्तर की पहचान भय और असुरक्षा के रूप में बनी रही, आज वही बस्तर शांति, विकास, विश्वास और लोकतांत्रिक भागीदारी की नई कहानी लिख रहा है। प्रतिनिधिमंडल राष्ट्रपति के समक्ष इस परिवर्तन की वास्तविक तस्वीर प्रस्तुत करेगा और बताएगा कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं, सुरक्षा बलों के सतत प्रयासों तथा स्थानीय जनजातीय समाज के सहयोग से क्षेत्र में उल्लेखनीय बदलाव देखने को मिल रहे हैं।


प्रतिनिधिमंडल के सदस्य राष्ट्रपति को बस्तर की पारंपरिक ग्राम व्यवस्था, परगना मांझी व्यवस्था, सामाजिक समरसता, पारंपरिक न्याय प्रणाली, लोक संस्कृति, जनजातीय नृत्य, लोकगीत, वाद्ययंत्र, हस्तशिल्प, वन आधारित जीवनशैली तथा प्रकृति के प्रति आदिवासी समाज की आस्था और संरक्षण की परंपराओं की जानकारी भी देंगे। इसके साथ ही बस्तर पंडुम-2026 के माध्यम से जनजातीय संस्कृति के संरक्षण और प्रचार-प्रसार के लिए किए जा रहे प्रयासों से भी राष्ट्रपति को अवगत कराया जाएगा।
प्रतिनिधिमंडल यह संदेश भी देगा कि आज का बस्तर नई ऊर्जा और नए आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है। यहां के युवा शिक्षा, खेल, कला, संस्कृति, उद्यमिता और रोजगार के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बना रहे हैं। पर्यटन के क्षेत्र में भी बस्तर लगातार आगे बढ़ रहा है तथा देश-विदेश से पर्यटक यहां की प्राकृतिक सुंदरता, जलप्रपातों, गुफाओं, ऐतिहासिक धरोहरों और जनजातीय संस्कृति को देखने के लिए पहुंच रहे हैं। इससे स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और आजीविका के नए अवसर भी विकसित हो रहे हैं।


राष्ट्रपति के समक्ष प्रतिनिधिमंडल बस्तरवासियों की ओर से नक्सलवाद के विरुद्ध चलाए गए अभियानों में मिले सहयोग और देश के नेतृत्व के प्रति आभार भी व्यक्त करेगा। प्रतिनिधिमंडल यह भी बताएगा कि आज गांवों तक सड़क, बिजली, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य और संचार जैसी मूलभूत सुविधाएं तेजी से पहुंच रही हैं, जिससे लोगों के जीवन स्तर में सकारात्मक परिवर्तन आया है। लोकतांत्रिक व्यवस्था के प्रति लोगों का विश्वास लगातार मजबूत हुआ है और विकास कार्यों में जनभागीदारी भी बढ़ी है।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री  ने दिल्ली रवाना हो रहे प्रतिनिधिमंडल को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह प्रतिनिधिमंडल केवल बस्तर का नहीं, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, परंपराओं और गौरवशाली विरासत का प्रतिनिधित्व करेगा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति भवन तक बस्तर की लोकसंस्कृति, रीति-रिवाज और सामाजिक मूल्यों की गूंज पहुंचना पूरे प्रदेश के लिए गर्व की बात है। यह यात्रा देश के सामने बदलते बस्तर की नई तस्वीर प्रस्तुत करेगी और यह संदेश देगी कि अब बस्तर भय और हिंसा का नहीं, बल्कि शांति, विकास, संस्कृति, लोकतंत्र और नए अवसरों का प्रतीक बन चुका है।


उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य बस्तर के युवाओं को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना, उनकी प्रतिभाओं को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना तथा जनजातीय संस्कृति का संरक्षण और संवर्धन करना है। राष्ट्रपति से होने वाली यह मुलाकात बस्तर के इतिहास में एक महत्वपूर्ण अध्याय के रूप में दर्ज होगी और आने वाले समय में जनजातीय समाज के आत्मविश्वास को नई मजबूती प्रदान करेगी।

प्रदीप मिश्रा
निष्पक्ष निर्भीक और सच्ची खबर, हर खबर पर तिरछी नजर और जनहित के प्रति समर्पित पत्रकारिता के साथ देश में तेजी से बढ़ता विश्वसनीय वेब पोर्टल अंजोर छत्तीसगढ़ न्यूज़।
अपने क्षेत्र के छोटे-बड़े समाचार, घटना, दुर्घटना, भ्रष्टाचार एवं अपनी संस्था के विज्ञापन प्रसारण हेतु संपर्क करें: 7647981711, 9303948009

Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें 

Advertising Space


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे.

Donate Now