बस्तर हेरिटेज मैराथन में उमड़ा जनसैलाब, 9 हजार 800 से अधिक धावकों ने रचा इतिहास
|
😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊
|
बस्तर, छत्तीसगढ़
By ACGN : 7647981711, 9303948009
जगदलपुर से चित्रकोट तक दौड़ी उत्साह की लहर, खेल और शांति के संदेश के साथ वैश्विक मंच पर चमका बस्तर
बस्तर की ऐतिहासिक और प्राकृतिक धरा उस समय गौरवपूर्ण क्षण की साक्षी बनी जब बस्तर हेरिटेज मैराथन 2026 में अभूतपूर्व जनसैलाब उमड़ा और 9 हजार 800 से अधिक पंजीकृत धावकों ने भाग लेकर नया कीर्तिमान स्थापित किया। यह आयोजन केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं रहा बल्कि बदलते बस्तर, बढ़ती शांति और पुनर्वास नीतियों की सफलता का जीवंत प्रतीक बनकर सामने आया।

जगदलपुर स्थित ऐतिहासिक लालबाग मैदान से प्रारंभ होकर विश्व प्रसिद्ध चित्रकोट जलप्रपात के निकट समापन तक चली इस मैराथन ने पूरे क्षेत्र में उत्साह और ऊर्जा का नया वातावरण निर्मित किया। समापन समारोह में वन मंत्री केदार कश्यप ने विजेताओं को बधाई देते हुए कहा कि समृद्ध और विकसित बस्तर के निर्माण की दिशा में बस्तर हेरिटेज मैराथन एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने कहा कि चार दशकों तक अशांति का दौर देखने वाला बस्तर अब शांति, विकास और संभावनाओं का नया केंद्र बन रहा है और यहां के युवा खेल के साथ-साथ देश की प्रतिष्ठित प्रतियोगी परीक्षाओं में भी सफलता प्राप्त कर रहे हैं। उन्होंने इस सफल आयोजन के लिए जिला प्रशासन की सराहना करते हुए भविष्य में भी ऐसे भव्य आयोजनों की उम्मीद जताई।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक किरण सिंह देव ने कहा कि अबूझमाड़ अर्ध मैराथन के बाद बस्तर हेरिटेज मैराथन का आयोजन क्षेत्र में शांति, विकास और समृद्धि का नया अध्याय लिख रहा है। उन्होंने कहा कि बस्तर के विकास को नई गति देने के लिए ऐसे आयोजनों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। इस अवसर पर बस्तर के सांसद महेश कश्यप और विधायक विनायक गोयल ने भी खिलाड़ियों को बधाई देते हुए आयोजन की सराहना की।

मैराथन का मुख्य आकर्षण 42 किलोमीटर की पूर्ण मैराथन रही जिसकी शुरुआत लालबाग मैदान से हुई और समापन भारत का नियाग्रा कहे जाने वाले चित्रकोट जलप्रपात के तट पर हुआ। आयोजन को अधिक समावेशी बनाने के लिए इसे 42 किलोमीटर, 21 किलोमीटर, 10 किलोमीटर और 5 किलोमीटर की श्रेणियों में विभाजित किया गया था। 21 किलोमीटर की दौड़ पोटानार तक, 10 किलोमीटर की दौड़ कुम्हरावंड तक और 5 किलोमीटर की दौड़ लालबाग से दलपत सागर रानीघाट तक आयोजित की गई जिसमें बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से प्रशासन द्वारा 25 लाख रुपये की आकर्षक पुरस्कार राशि घोषित की गई थी। साथ ही स्थानीय धावकों को अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों के साथ प्रतिस्पर्धा का अवसर देने के लिए बस्तर वर्ग की विशेष व्यवस्था की गई और बस्तर जिले के निवासियों के लिए पंजीकरण पूरी तरह निःशुल्क रखा गया।
इस आयोजन की विशेषता यह भी रही कि मांझी चालकी समुदाय के लोगों ने भी बड़ी संख्या में इसमें भागीदारी की जिससे कार्यक्रम की सामाजिक समावेशिता और अधिक सुदृढ़ हुई। इस भव्य आयोजन ने खेल भावना को प्रोत्साहित करने के साथ ही बस्तर की समृद्ध संस्कृति, शांति और विकास की नई तस्वीर को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रभावी रूप से प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष वेदवती कश्यप, महापौर संजय पांडेय, ब्रेवरेज कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष श्रीनिवास राव मद्दी, जिला पंचायत उपाध्यक्ष बलदेव मंडावी, आयुक्त डोमन सिंह, पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी, कलेक्टर आकाश छिकारा, पुलिस अधीक्षक सहित अनेक जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रदीप मिश्रा
निष्पक्ष निर्भीक और सच्ची खबरों और जनहित के प्रति समर्पित पत्रकारिता के साथ देश में तेजी से बढ़ता विश्वसनीय वेब पोर्टल
अंजोर छत्तीसगढ़ न्यूज़
|
Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें |
Advertising Space






